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कोरबा में नजूल जमीन मामले में बढ़े सवाल, जांच के बाद भी रिपोर्ट नहीं, स्थानीय स्तर पर लेन-देन और सेटिंग की चर्चा तेज

कोरबा। शहर के हृदय स्थल स्थित शासकीय नजूल भूमि से जुड़े कथित कब्जे और जमीन उपयोग विवाद का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। मामले में राजस्व विभाग द्वारा स्थल जांच किए जाने के बावजूद अब तक जांच प्रतिवेदन सार्वजनिक नहीं होने पर कई तरह के सवाल उठने लगे हैं।

स्थानीय सूत्रों और आसपास के लोगों के मुताबिक लगभग एक माह पूर्व राजस्व विभाग, पटवारी और जांच दल द्वारा संबंधित स्थल का दो से तीन बार निरीक्षण किया गया था। मौके पर माप-जोख और दस्तावेजों की जांच भी की गई थी, लेकिन आज तक किसी प्रकार की स्पष्ट रिपोर्ट सामने नहीं आई।

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सूत्रों के अनुसार मामले में बड़े स्तर पर लेन-देन और “सेटिंग” की चर्चाएं भी स्थानीय स्तर पर चल रही हैं। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन जांच रिपोर्ट में हो रही देरी को लेकर लोगों के बीच संदेह बढ़ता जा रहा है।

इस पूरे प्रकरण में पहले सामने आए दस्तावेजों और सैटेलाइट मैप के आधार पर यह आरोप लगाए गए थे कि संबंधित क्षेत्र में एक ही जमीन का उपयोग अलग-अलग तरीके से दर्शाया गया है। “vinod trad” नाम से चिन्हित लगभग 1904.69 वर्गमीटर क्षेत्र को लेकर भी सवाल उठाए गए थे।

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स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर के प्रमुख इलाके में शासकीय भूमि पर बड़े पैमाने पर निर्माण और कब्जे के आरोप होने के बावजूद कार्रवाई आगे नहीं बढ़ रही है। मामले की शिकायत कलेक्टर के समक्ष किए जाने और जांच के निर्देश दिए जाने की जानकारी भी सामने आई थी।

एक तरफ राज्य सरकार द्वारा “सुशासन त्योहार” के माध्यम से पारदर्शी प्रशासन और त्वरित कार्रवाई का संदेश दिया जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ इस मामले में जांच के बाद भी स्थिति स्पष्ट नहीं होने से लोगों के बीच असंतोष दिखाई दे रहा है।

अब लोगों के बीच सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि स्थल जांच पूरी हो चुकी है, तो जांच प्रतिवेदन अब तक सार्वजनिक क्यों नहीं किया गया। साथ ही यह भी चर्चा है कि क्या पूरे मामले में किसी प्रकार का दबाव या प्रभाव काम कर रहा है।

फिलहाल पूरे मामले में प्रशासन की अगली कार्रवाई पर लोगों की नजर बनी हुई है।

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प्रखर भूमि

प्रखरभूमि एक RNI में पंजीकृत साप्ताहिक समाचार पत्र है, जिसकी शुरुआत वर्ष 2013 में हुई। अब इसका डिजिटल संस्करण भी इस वेबसाइट के माध्यम से पाठकों तक उपलब्ध है, जहां छत्तीसगढ़ सहित देश-दुनिया की महत्वपूर्ण और विश्वसनीय खबरें प्रकाशित की जाती हैं।

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