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कोरबाछत्तीसगढ़हाथी समस्या

हाथियों का उत्पात जारीः रिंगनिया क्षेत्र में फसल रौंद कर पहुंचे गौरछापर- बांधापारा के जंगल

कोरबा 10 सितंबर। कटघोरा वनमंडल में हाथियों का उत्पात लगातार जारी है। यहां के एतमा नगर रेंज के बंजारी क्षेत्र में विचरणरत लोनर हाथी का उत्पात कुछ कम हुआ तो रिंगनिया क्षेत्र में अचानक पहुंचे 18 हाथियों के दल ने उत्पात मचाना शुरू कर दिया है।

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हाथियों के इस दल ने बीती रात ग्रामीणों के खेतों में पहुंचकर जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान हाथियों ने 9 लोगों की कई रकबे में लगे धान की फसल को रौंद कर तहस-नहस कर दिया। हाथियों के इस उत्पात से प्रभावित ग्रामीणों को इसकी जानकारी तब लगी जब वे आज सुबह अपने खेतों में पहुंचे तो वहां लहलहाती धान की फसल के बजाय उसे तहस नहस पाया। खेतों में हाथियों के बड़ी संख्या में पैरों के निशान थे। उन्हें समझने में देर नहीं लगी की हाथियों ने उनकी मेहनतों पर पानी फेर रखा है।

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इसकी सूचना बीट प्रभारी व वन विभाग के अधिकारियों को दी गई। जिस पर बिट प्रभारी श्री पांडेय अपने सहयोगियों के साथ मौके पर पहुंचे और नुकसानी का आंकलन करने के साथ इसकी रिपोर्ट तैयार की। प्रारंभिक सर्वे में ग्रामीणों को हाथियों के उत्पात से हजारों रूपए के नुकसान का अंदाजा लगाया गया है। बीट प्रभारी श्री पांडेय ने बताया की रिपोर्ट को वरिष्ट अधिकारियों के समक्ष पेश किया जाएगा, जहां से स्वीकृति पश्वात पीडि़त ग्रामीणों को मुआवजा दिया जाएगा। हाथियों का दल मड़ई सर्किल से पहुंचा है और उत्पात मचाने के बाद वर्तमान में गौर छापर व बांधापारा के बीच जंगल में विचरण कर रहा है। क्षेत्र में मौजूद हाथियों की सघन निगरानी की जा रही है। उधर केंदई रेंज के कांपा नवापारा में भी हाथी बड़ी संख्या में जंगल ही जंगल विचरण कर रहे है। हाथियों के इस दल की निगरानी विभागीय अमले द्वारा की जा रही है।

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प्रखरभूमि एक RNI में पंजीकृत साप्ताहिक समाचार पत्र है, जिसकी शुरुआत वर्ष 2013 में हुई। अब इसका डिजिटल संस्करण भी इस वेबसाइट के माध्यम से पाठकों तक उपलब्ध है, जहां छत्तीसगढ़ सहित देश-दुनिया की महत्वपूर्ण और विश्वसनीय खबरें प्रकाशित की जाती हैं।

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