Bilaspur News:– राजस्व कर वसूली में गड़बड़ी, आरआई निलंबित, राशि वसूलने के निर्देश

Bilaspur News:– राजस्व कर वसूली में गड़बड़ी, आरआई निलंबित, राशि वसूलने के निर्देश

Bilaspur News:– राजस्व कर की वसूली करने के बावजूद निकाय कोष में राशि जमा नहीं करने के मामले में नगर निगम प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। इस प्रकरण में दोषी पाए गए राजस्व निरीक्षक को निलंबित कर दिया गया है। नगर निगम कमिश्नर ने संबंधित आरआई से पूरी राशि की वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, वहीं तय समय में राशि जमा नहीं होने की स्थिति में एफआईआर दर्ज कराने की चेतावनी भी दी गई है।

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Bilaspur बिलासपुर। नगर निगम के जोन क्रमांक 2 में पदस्थ राजस्व निरीक्षक रामनारायण देवांगन को निगम कमिश्नर प्रकाश कुमार सर्वे ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आरोप है कि आरआई द्वारा राजस्व कर की वसूली तो की गई, लेकिन उक्त राशि को निकाय के कोष में जमा नहीं कराया गया। इसके साथ ही निगम आयुक्त ने संबंधित राशि की वसूली स्वयं आरआई रामनारायण देवांगन से कराने के आदेश भी जारी किए हैं। यदि निर्धारित अवधि में राशि जमा नहीं की जाती है तो उनके विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। निलंबन अवधि के दौरान रामनारायण देवांगन का मुख्यालय राजस्व विभाग, विकास भवन निर्धारित किया गया है।

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जानकारी के अनुसार, जोन क्रमांक 2 में वित्तीय वर्ष 2022-23 से 2024-25 के बीच संपत्ति कर, समेकित कर एवं यूजर चार्ज के रूप में वसूली गई कुल 14,18,207 रुपये (चौदह लाख अठारह हजार दो सौ सात रुपये) की राशि निगम कोष में जमा नहीं की गई। यह मामला गंभीर आर्थिक अनियमितता की श्रेणी में आता है।

इस पूरे प्रकरण में छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के नियम 09 (1)(ख) के तहत कार्रवाई करते हुए निगम कमिश्नर ने रामनारायण देवांगन को निलंबित करने का आदेश जारी किया है। मामला नगर निगम के जोन क्रमांक 2 से जुड़ा हुआ है, जहां राजस्व कर की राशि में 14,18,207 रुपये की गड़बड़ी इंटरनल ऑडिट के दौरान उजागर हुई।

बताया गया है कि वर्तमान में वित्तीय वर्ष 2023-24 का ऑडिट जारी है। इसी ऑडिट प्रक्रिया के दौरान इस अनियमितता का खुलासा हुआ, जिसकी रिपोर्ट निगम आयुक्त को सौंपी गई। रिपोर्ट मिलने के बाद आयुक्त ने संयुक्त संचालक वित्त के नेतृत्व में मामले की जांच कराई। जांच रिपोर्ट प्रस्तुत होने के उपरांत निगम कमिश्नर प्रकाश सर्वे ने दोषी पाए जाने पर सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की।

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