बिलासपुर |छत्तीसगढ़ के राजनीतिक गलियारों में बुधवार को उस वक्त खलबली मच गई जब सोशल मीडिया पर विवादित पोस्ट के मामले में पूर्व विधायक अरुण तिवारी को रतनपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी से पहले इस प्रकरण की प्राथमिक जांच सिविल लाइन थाना द्वारा की गई थी, जहां तिवारी के विरुद्ध सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ‘ऑपरेशन सिंदूर‘ को लेकर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर शिकायत दर्ज की गई थी।

???? मामले की शुरुआत: सिविल लाइन थाना में दर्ज हुई थी शिकायत
पूर्व विधायक अरुण तिवारी ने अपने फेसबुक अकाउंट से एक पोस्ट साझा की, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में चलाए गए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को लेकर कटाक्ष भरे शब्दों का प्रयोग किया।
इस पोस्ट को लेकर राजनीतिक और सामाजिक संगठनों ने विरोध दर्ज कराया और तिवारी के खिलाफ सिविल लाइन थाने में लिखित शिकायत दी गई।
सिविल लाइन थाना पुलिस ने शिकायत पर आईटी एक्ट और भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिक जांच प्रारंभ की।
???? गिरफ्तारी की पुष्टि: बुधवार दोपहर रतनपुर पुलिस ने फार्महाउस से उठाया
जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सत्य प्रतीत होते ही बुधवार को दोपहर करीब 1:30 बजे, रतनपुर पुलिस ने तिवारी के फार्महाउस (रतनपुर क्षेत्र) में दबिश दी और उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद उन्हें विधिवत रूप से सिविल लाइन थाना के सुपुर्द किया गया, जहाँ आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
????️ रतनपुर थाना प्रभारी नरेश चौहान ने जानकारी दी कि,
“सिविल लाइन थाना से प्राप्त निर्देशों के बाद गिरफ्तारी के लिए टीम भेजी गई। आरोपी को उनके रतनपुर स्थित निवास से हिरासत में लिया गया और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर सिविल लाइन थाने को सौंपा गया है।“

Live Cricket Info


