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CG News:– नशे की हालत में स्कूल पहुंचे प्रधान पाठक, बच्चों को पढ़ाना छोड़ दफ्तर में सोते मिले, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का नाम तक नहीं बता पाए

Korba News:– कोरबा जिले से शिक्षा व्यवस्था को शर्मसार करने वाली तस्वीर सामने आई है। यहां प्रधान पाठक शराब के नशे में धुत होकर स्कूल पहुंचे और बच्चों को पढ़ाने की बजाय अपने कार्यालय में खर्राटे भरते मिले। हैरानी की बात यह रही कि जब उनसे प्रदेश के मुख्यमंत्री और देश के प्रधानमंत्री का नाम पूछा गया तो वह इसका जवाब भी नहीं दे पाए। यह नजारा देखकर अभिभावक और ग्रामीण हैरान रह गए कि आखिर बच्चों का भविष्य किसके हाथों में है।

कोरबा। करतला ब्लॉक के ग्राम पंचायत जरवे में स्थित शासकीय प्राथमिक शाला परसभा हटा में पदस्थ प्रधान पाठक चंद्रपाल पैकरा की लापरवाही और नशे की हरकतें उजागर हुई हैं। इस स्कूल में 46 बच्चे पढ़ते हैं, जिन्हें दो कक्षाओं में बैठाकर पढ़ाया जाता है। यहां पर प्रधान पाठक के साथ एक अन्य शिक्षक देव प्रसाद बर्मन भी पदस्थ हैं।

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मामला तब सामने आया जब कुछ मीडिया प्रतिनिधि अचानक स्कूल पहुंचे। एक कक्षा में शिक्षक देव प्रसाद बर्मन बच्चों को पढ़ाते मिले, जबकि दूसरी कक्षा में बच्चे बिना निगरानी के मस्ती करते पाए गए। इसी बीच प्रधान पाठक चंद्रपाल पैकरा अपने कार्यालय कक्ष में शराब के नशे में गहरी नींद में सोए हुए मिले। उन्हें कई बार जगाने की कोशिश की गई लेकिन वह उठे ही नहीं।

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आखिरकार काफी प्रयासों के बाद जब उनकी नींद टूटी तो भी वे पूरी तरह नशे में धुत नजर आए। मीडिया कर्मियों ने जब उनसे सवाल किया तो वे न मुख्यमंत्री का नाम बता सके और न ही प्रधानमंत्री का। इस हालात ने यह स्पष्ट कर दिया कि बच्चों को पढ़ाने वाले प्रधान पाठक खुद किस स्तर पर हैं और शिक्षा का स्तर इस स्कूल में किस हालत में होगा।

शिक्षा विभाग की निगरानी पर भी सवाल
यह पूरा मामला शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली और अनुशासन पर भी सवाल खड़ा करता है। जब सरकारी स्कूलों में पदस्थ शिक्षक खुद ही शराब के नशे में धुत्त रहेंगे और बच्चों को पढ़ाने की बजाय सोते रहेंगे तो नौनिहालों का भविष्य अधर में ही लटक जाएगा। ग्रामीणों ने इस मामले की शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है ताकि ऐसे शिक्षक बच्चों की पढ़ाई और भविष्य के साथ खिलवाड़ न कर सकें।

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