पहाड़ से शहर तक: धमतरी का तिब्बती ऊनी मार्केट कैसे आपको गर्म रखता है,

 

 

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ठंड शुरू होते ही धमतरी के बाजार में सज गए गर्म कपड़े, तिब्बती व्यापारी पहुंचे

 

बाजार विभिन्न प्रकार के ऊनी कपड़ों की पेशकश करता है, जिनमें स्वेटर, स्कार्फ, श्रग, मोजे, कोट और बहुत कुछ शामिल हैं।

 

धमतरी। हर साल सर्दियों में तिब्बती शरणार्थी धमतरी पहुँचते हैं और यहाँ गर्म कपड़ों का मार्केट लगाते हैं। तिब्बती मूल के लोग अक्टूबर से फरवरी तक क़रीब चार महीने तक यह बाजार लगाते हैं। अभी ज़िला अस्पताल रोड में पीडब्ल्यूडी कार्यालय के सामने तिब्बती उलन बाजार सुबह 8 बजे शुरू होता है और रात को 10 बजे बंद हो जाता है।

 

हिमाचल प्रदेश के शिमला के रहने वाले 69 वर्षीय टाशी टंडुप शहर में अपनी दुकान लगा रहे हैं। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ के अलग अलग शहरों में हर साल उनकी दुकाने लगती हैं। पिछले साल धमतरी के ही मेनोनाइट स्कूल मैदान में मार्केट लगाया गया था। इस साल पीडब्ल्यूडी कार्यालय के सामने तिब्बती उलन मार्केट सजाया गया है। यहाँ एक से बढ़कर एक गर्म कपड़े उपलब्ध हैं।

मोलभाव के तनाव से छुटकारा

उन्होंने यह भी बताया कि निश्चित मूल्य नियम के कारण सौदेबाजी का तनाव समाप्त हो गया है। यह खरीदारों के लिए निर्णय लेने की प्रक्रिया को सरल बनाता है और हमें उचित मूल्य प्रदान करने में सक्षम बनाता है। यहां बिकने वाला सामान देश विदेश के विभिन्न हिस्सों, जैसे नेपाल, लद्दाख और लुधियाना से आता है, जो इसे भारतीय ग्राहकों के लिए एक महत्वपूर्ण आकर्षण बनाता है।

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एक और कारोबारी लोबसंग नामग्याल ने बताया कि दाम बढ़ने के बावजूद पिछले साल सीजन में अच्छा कारोबार हुआ था, इस बार उससे अधिक कारोबार होने की उम्मीद जताई जा रही है। इस सीजन में जैकेट, मफलर, टोपी, दास्ताने, गर्म शॉल और बड़े और बच्चों दोनों के लिए आकर्षक कपड़े मिल रहा है।

गर्म कपड़ों की दुकान में तिब्बती पकवान भी…
तिब्बती मोमोज़ और चाऊमीन की दुकान भी लगाई गई है। जहां शहरवासी खाने का लुत्फ़ उठा रहें हैं।

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